
नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में चल रहे CJP प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। कांग्रेस की वरिष्ठ सांसद रेणुका चौधरी ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए प्रदर्शन के दौरान अपनाए गए रवैये पर सवाल उठाए हैं।
- रेणुका चौधरी ने CJP प्रदर्शन को लेकर सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए।
- प्रदर्शन के दौरान बच्चों पर आंसू गैस चलाए जाने के आरोपों पर चिंता जताई।
- संसद परिसर में विपक्षी नेताओं के WhatsApp काम नहीं करने का आरोप लगाया।
- लोकतांत्रिक अधिकारों और संविधान की रक्षा की आवश्यकता बताई।
सरकार की कार्यशैली पर सवाल
मीडिया से बातचीत के दौरान रेणुका चौधरी ने कहा कि एक ओर संसद का महत्वपूर्ण सत्र चल रहा है, वहीं दूसरी ओर प्रदर्शन के दौरान बच्चों पर आंसू गैस के गोले छोड़े जाने के आरोप सामने आ रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या लोकतांत्रिक व्यवस्था में विरोध प्रदर्शन से निपटने का यही तरीका होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर नागरिक को शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने और अपने अधिकारों की आवाज उठाने की स्वतंत्रता है।
संसद परिसर को लेकर भी आरोप
कांग्रेस सांसद ने आरोप लगाया कि संसद परिसर के भीतर विपक्षी नेताओं के WhatsApp काम नहीं कर रहे थे तथा उनके प्रवेश द्वार भी बंद कर दिए गए थे। उनके अनुसार विपक्ष की आवाज़ को दबाने की कोशिश लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं मानी जा सकती।
राजनीतिक बहस तेज
रेणुका चौधरी के इस बयान के बाद CJP प्रदर्शन, बच्चों के अधिकारों और सरकार की कार्यशैली को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। अब इस पूरे घटनाक्रम पर विभिन्न राजनीतिक दलों और संबंधित पक्षों की प्रतिक्रियाओं का इंतजार किया जा रहा है।


