परमाणु ठिकानों के आसपास तैयारी की रिपोर्ट
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच परमाणु प्रतिष्ठानों के आसपास रहने वाले लोगों को आयोडीन टैबलेट बांटे जाने की खबर सामने आई है। ब्रिटिश अखबार द टाइम्स ने एक कथित ईरानी स्वास्थ्य मंत्रालय अधिकारी के हवाले से दावा किया कि परमाणु ठिकानों के दो से तीन किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोगों को ये टैबलेट उपलब्ध कराई जा रही हैं। रिपोर्ट में इसे संभावित अमेरिकी हमले और रेडियोलॉजिकल आपातस्थिति की आशंका से जोड़कर देखा गया है।
ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने दावे पर जताई आपत्ति
इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता हुसैन केरमानपुर ने सफाई दी कि मंत्रालय के किसी अधिकारी ने द टाइम्स को इस संबंध में बयान नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट में मंत्रालय के नाम से प्रकाशित कथित टिप्पणी गलत है। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार मंत्रालय की इस प्रतिक्रिया से टैबलेट वितरण की वास्तविक स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हुई है। इसलिए इस दावे को अभी स्वतंत्र रूप से पुष्ट जानकारी नहीं माना जा सकता।
क्या है पिकैक्स माउंटेन परमाणु ठिकाना?
रिपोर्टों में ईरान के पिकैक्स माउंटेन यानी कोलांग गज ला परिसर का विशेष उल्लेख किया गया है। यह नतांज परमाणु परिसर के नजदीक पहाड़ी क्षेत्र में स्थित एक अत्यधिक सुरक्षित भूमिगत संरचना बताई जाती है। सैटेलाइट तस्वीरों में यहां सुरंगों के प्रवेश द्वार और सुरक्षा ढांचे दिखाई देने की बात कही गई है। हालांकि, इस परिसर के भीतर वास्तव में कौन-सी गतिविधियां चल रही हैं, इसकी स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
आयोडीन टैबलेट क्यों बांटी जाती हैं?
पोटैशियम आयोडाइड यानी आयोडीन टैबलेट का इस्तेमाल परमाणु या रेडियोलॉजिकल दुर्घटना में रेडियोधर्मी आयोडीन के संपर्क से थायरॉयड ग्रंथि को बचाने के लिए किया जाता है। यह शरीर को हर तरह के रेडिएशन से नहीं बचाती और न ही परमाणु विस्फोट के सभी प्रभावों को रोक सकती है। इसे केवल स्वास्थ्य अधिकारियों के निर्देश पर उचित समय और निर्धारित खुराक में लेना चाहिए।
बुशहर में पहले भी हुआ था आयोडीन टैबलेट वितरण
ईरान के बुशहर शहर में अप्रैल 2026 में भी आयोडीन टैबलेट वितरण की जानकारी सामने आई थी। ईरान इंटरनेशनल की रिपोर्ट के मुताबिक, स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया था कि परमाणु बिजली संयंत्र के आसपास के इलाकों को प्राथमिकता देते हुए कुल 1.80 लाख टैबलेट वितरित की गई थीं। यह वितरण आपातकालीन तैयारी योजना का हिस्सा बताया गया था। हालांकि, यह पुराना कार्यक्रम नवंबर 2026 में सामने आई नई रिपोर्ट की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता।
अमेरिका के साथ तनाव ने बढ़ाई चिंता
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर आगे की कार्रवाई पर जल्द फैसला लेने की बात कही है। अमेरिकी प्रशासन में संभावित सैन्य विकल्पों पर चर्चा की खबरें भी सामने आई हैं। दूसरी ओर, ईरान में संभावित हमले और रेडियोधर्मी प्रभावों को लेकर सार्वजनिक चिंता बढ़ने की खबरें हैं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर किसी नए अमेरिकी हमले का अंतिम आदेश जारी होने की पुष्टि नहीं हुई है।
क्या परमाणु हमले का खतरा वास्तव में बढ़ गया है?
आयोडीन टैबलेट वितरण की खबर और परमाणु आपातस्थिति से जुड़ी तैयारियों ने क्षेत्रीय तनाव को लेकर चिंता बढ़ाई है। लेकिन किसी देश की आपातकालीन तैयारी अपने आप में यह साबित नहीं करती कि परमाणु हमला होने वाला है। ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने नई रिपोर्ट में अपने अधिकारी के कथित बयान को गलत बताया है। ऐसे में स्थिति पर नजर रखना और आधिकारिक पुष्टि के आधार पर ही निष्कर्ष निकालना जरूरी है।
Disclaimer: यह खबर केवल उपलब्ध सार्वजनिक रिपोर्टों के आधार पर तैयार की गई है। आयोडीन टैबलेट वितरण के दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने रिपोर्ट में अपने अधिकारी के कथित बयान को गलत बताया है। किसी भी निष्कर्ष के लिए आधिकारिक पुष्टि का इंतजार करें।

