
रेपो रेट घटकर हुआ 6.00%, आम जनता को लोन पर मिलेगी बड़ी राहत; जानिए FD और बैंकिंग शेयरों पर क्या पड़ेगा असर
📍 मुंबई / नई दिल्ली
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक में देशवासियों को बड़ी राहत देते हुए रेपो रेट में 0.25 प्रतिशत (25 बीपीएस) की कटौती कर दी है। इस फैसले के बाद रेपो रेट 6.25% से घटकर अब 6.00% हो गया है। साल 2023 के बाद यह पहला मौका है जब रिजर्व बैंक ने ब्याज दरों में राहत दी है।
खुदरा और थोक महंगाई दर (Inflation) में लगातार आ रही गिरावट के बीच आरबीआई ने देश की आर्थिक वृद्धि दर (GDP Growth) को गति देने के उद्देश्य से यह कदम उठाया है।
“रेपो रेट में कटौती का सीधा फायदा होम लोन, पर्सनल लोन और ऑटो लोन की EMI घटाने के रूप में आम उपभोक्ताओं को मिलेगा।”
📉 आम जनता की EMI पर क्या पड़ेगा प्रभाव?
बैंकिंग विशेषज्ञों के अनुसार, इस फैसले के बाद व्यावसायिक बैंक अपने लेंडिंग रेट्स (MCLR/EBLR) में कटौती करेंगे, जिससे फ्लोटिंग रेट वाले सभी लोन सस्ते हो जाएंगे। उदाहरण के लिए, 50 लाख रुपये के 20 साल के होम लोन पर मासिक किश्त (EMI) में लगभग ₹200 से ₹500 तक की बचत देखने को मिल सकती है।
शेयर बाजार में उछाल, लेकिन FD की ब्याज दरों पर लगेगा ब्रेक
आरबीआई की इस घोषणा के तुरंत बाद शेयर बाजार में बैंकिंग शेयरों में 2 से 3 प्रतिशत की तेजी देखी गई। हालांकि, दूसरी तरफ फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) कराने वाले बचतकर्ताओं के लिए यह थोड़ी निराशाजनक खबर है, क्योंकि आने वाले समय में बैंक जमा दरों (FD Interest Rates) में कटौती कर सकते हैं।
आरबीआई गवर्नर ने स्पष्ट किया कि हाल के महीनों में रिटेल इंफ्लेशन (CPI) घटकर 4.8% पर आ गई है। यदि मानसून सामान्य रहता है, तो महंगाई के आंकड़ों में और गिरावट संभव है, जिससे भविष्य में ब्याज दरों में और कटौती के रास्ते खुल सकते हैं।



